छोटी दिवाली पर ही बिगड़ी उत्तराखंड की हवा, देहरादून का AQI 290 पहुंचा

IMG_595aca5d-0a31-4cfc-a871-5c920bc00f83

देहरादून: दीपावली से पहले ही पटाखों की आतिशबाजी ने उत्तराखंड की आबोहवा बिगाड़नी शुरू कर दी है। छोटी दिवाली पर देर रात तक हुई आतिशबाजी के बाद देहरादून का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 290 तक पहुंच गया, जो खराब श्रेणी में आता है। वहीं, रुड़की, ऋषिकेश और काशीपुर समेत कई शहरों में भी प्रदूषण का स्तर बढ़ा है।

उत्तराखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार, रुड़की में AQI 152, ऋषिकेश में 150, काशीपुर में 140 और हल्द्वानी में 115 दर्ज किया गया। पहाड़ी शहरों में नैनीताल का AQI 74 और टिहरी का 51 रहा। आंकड़ों से साफ है कि आतिशबाजी का असर मैदानी इलाकों के साथ पहाड़ी शहरों की हवा पर भी पड़ रहा है।

सर्दियों में बढ़ जाती है प्रदूषण की समस्या

विशेषज्ञों के अनुसार, सर्दियों में तापमान गिरने और हवा की रफ्तार कम होने से धूल और धुएं के सूक्ष्म कण वातावरण में लंबे समय तक बने रहते हैं। इसके अलावा वाहनों का धुआं, निर्माण कार्य और कूड़ा जलाना भी वायु प्रदूषण बढ़ने के प्रमुख कारण हैं। पहाड़ी घाटियों में हवा का प्रवाह धीमा होने से प्रदूषक कण जमा होने लगते हैं।

छोटी दिवाली के बाद अब बड़ी दिवाली पर होने वाली आतिशबाजी को देखते हुए वायु गुणवत्ता और खराब होने की आशंका जताई जा रही है। ऐसे में लोगों को सावधानी बरतने और अनावश्यक पटाखों से बचने की जरूरत है।

उत्तराखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सदस्य सचिव पराग मधुकर ने बताया कि शहरों में पर्यावरण को बेहतर बनाए रखने के लिए बोर्ड की ओर से प्रयास किए जा रहे हैं। साथ ही लोगों को लंबे समय से आतिशबाजी के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है।

हिमालयन लाइव ब्यूरो 

Spread the love