MBBS दाखिला फर्जीवाड़ा: उत्तराखंड में 19 सीटें रद्द, 778 प्रमाणपत्र जांच के घेरे में
देहरादून: उत्तराखंड में एमबीबीएस दाखिलों के लिए राज्य कोटे में लगाए गए प्रमाणपत्रों की जांच जारी है। अब तक 19 अभ्यर्थियों के सीट आवंटन निरस्त किए जा चुके हैं, जबकि 778 से ज्यादा प्रमाणपत्रों की जांच संबंधित जिलों में चल रही है।
सामाजिक कार्यकर्ता प्रदीप बहुगुणा ने हरिद्वार मेडिकल कॉलेज के एक अभ्यर्थी के स्थायी निवास प्रमाणपत्र पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि एक ही प्रमाणपत्र संख्या अलग-अलग नामों से जुड़ी दिखाई दे रही है। उन्होंने मामले की मूल सरकारी रिकॉर्ड से जांच और सेवानिवृत्त न्यायाधीश की अध्यक्षता में स्वतंत्र समिति बनाने की मांग की है।
उन्होंने एक अन्य मामले में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित कोटे में एमबीबीएस सीट पाने वाले अभ्यर्थी के प्रमाणपत्र की तारीखों पर भी सवाल उठाए हैं। वहीं, विश्वविद्यालय के अनुसार उत्तराखंड से 10वीं और 12वीं पास अभ्यर्थी राज्य कोटे की काउंसलिंग में शामिल हो सकते हैं, लेकिन उन्हें आरक्षण का लाभ नहीं मिलता। सीट आवंटन 15 से ज्यादा सदस्यों वाला काउंसलिंग बोर्ड करता है।
मामले में एसआईटी जांच कर रही है और कुछ मामलों में एफआईआर व गिरफ्तारियां भी हुई हैं। सरकार का कहना है कि जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई होगी। अब 19 निरस्त दाखिलों और 778 से ज्यादा जांचाधीन प्रमाणपत्रों के बीच अगली कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर तय होगी।
हिमालयन लाइव ब्यूरो
